

NEET पेपर लीक विवाद के बीच दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का विरोध-प्रदर्शन उग्र रूप ले चुका है। भारी दबाव के बाद शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। हालांकि, CJP के संस्थापकों और प्रदर्शनकारी छात्रों ने स्पष्ट कर दिया है कि आंदोलन तब तक खत्म नहीं होगा जब तक उनकी बाकी मांगें पूरी नहीं हो जातीं।
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद दिल्ली में सियासी हलचल
शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद राजधानी में राजनीतिक सरगर्मियां बढ़ गई हैं। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात की है, जबकि गृह मंत्री अमित शाह, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने पहुंचे। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे भी दिल्ली के लिए रवाना हो चुके हैं।
CJP की 4 मांगें: 1 पूरी, 3 अभी भी बाकी
CJP ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (ट्विटर) पर अपनी चार मुख्य मांगों की सूची जारी की है।
CJP की मुख्य मांगें:
- शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा (स्वीकार/पूरा)
- आत्महत्या करने वाले सभी प्रभावित छात्रों के परिजनों को 1-1 करोड़ रुपये का मुआवजा (लंबित)
- प्रदर्शन कर रहे किसी भी छात्र के खिलाफ पुलिस कार्रवाई न की जाए (लंबित)
- दिल्ली पुलिस और RAF सार्वजनिक रूप से माफी मांगे (लंबित)
अभिजीत दिपके का बयान: ‘कॉकरोच से पंगा मत लेना’
इस्तीफे के बाद CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके ने कहा कि यह लोकतंत्र की जीत है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक मृत छात्रों के परिवारों को 1-1 करोड़ का मुआवजा और 20 तारीख को छात्रों पर बल प्रयोग करने वाले पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई नहीं होती, छात्र जंतर-मंतर से नहीं हटेंगे।
धरना खत्म करने से इनकार
CJP के सदस्य सौरव दास ने साफ किया कि जब तक सरकार की ओर से बाकी मांगों पर लिखित आश्वासन नहीं मिलता, जंतर-मंतर पर विरोध-प्रदर्शन जारी रहेगा।
जंतर-मंतर पर हिंसक झड़प, RAF ने दागे आंसू गैस के गोले
जंतर-मंतर पर स्थिति अचानक तनावपूर्ण हो गई। पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हुई झड़प के दौरान पथराव की खबरें आईं, जिसके बाद भीड़ को तितर-बितर करने के लिए रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) ने आंसू गैस के गोले छोड़े। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
दिल्ली पुलिस का स्पष्टीकरण: ‘किसी की मौत नहीं हुई’
सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों का खंडन करते हुए दिल्ली पुलिस (सेंट्रल डीसीपी रोहित राजबीर सिंह) ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि प्रदर्शन के दौरान किसी भी महिला या छात्र की मौत नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि भ्रामक कंटेंट और फर्जी वीडियो फैलाने वाले 400 से अधिक सोशल मीडिया हैंडल की पहचान की गई है और उन पर कार्रवाई की जा रही है।
सरकार और CJP के बीच दूसरे दौर की वार्ता
जंतर-मंतर पर गतिरोध सुलझाने के लिए सरकार और CJP प्रतिनिधियों के बीच दूसरे दौर की बैठक तय की गई। CJP प्रवक्ता आशुतोष रांका ने कहा कि सरकार मुआवजा और पुलिस केस वापस लेने पर सैद्धांतिक रूप से सहमत हुई है, लेकिन लिखित जवाब का इंतजार है। इसके अलावा NTA के 47 अधिकारियों को हटाने का फैसला मुख्य मांग को नहीं बदलता।
CM योगी आदित्यनाथ का पलटवार
यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पेपर लीक के मुद्दे पर विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि 2012 से 2017 के बीच हुई सभी भर्तियां विवादित थीं। सीएम योगी ने बताया कि सरकार जल्द ही संसद में एक कड़ा कानून ला रही है, जिसमें नकल माफिया के खिलाफ 10 साल तक की सजा और 10 करोड़ रुपये के जुर्माने का प्रावधान होगा।
राहुल गांधी पहुंचे जंतर-मंतर
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने जंतर-मंतर पहुंचकर अनशनकारी छात्रों से मुलाकात की। उन्होंने छात्रों की तीनों मांगों का समर्थन करते हुए कहा कि धर्मेंद्र प्रधान को सिर्फ मंत्रालय बदलना मंजूर नहीं, बल्कि उन्हें कैबिनेट से पूरी तरह बर्खास्त किया जाना चाहिए। इसके अलावा उन्होंने 20 जुलाई की लाठीचार्ज घटना के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई और पीएम मोदी से सार्वजनिक माफी की मांग की।
पुलिस पर गंभीर आरोप
CJP प्रवक्ता आशुतोष रांका ने आरोप लगाया कि 20 जुलाई को पुलिस ने छात्रों और वॉलंटियर्स के साथ बर्बरता की, पसलियां तोड़ीं और मारपीट की। CJP जल्द ही आरोपी पुलिसकर्मियों की सूची सार्वजनिक करेगी।
दमन की आशंका पर सौरव दास का X (ट्विटर) पोस्ट
CJP के सौरव दास ने आशंका जताई कि आंदोलन को कुचलने के लिए बाहरी असामाजिक तत्वों का सहारा लिया जा सकता है ताकि हिंसा भड़काकर प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया जा सके।
सोनम वांगचुक का भावुक वीडियो
26 दिनों के अनशन के बाद सोनम वांगचुक ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म X पर वीडियो जारी कर अपना दुख जाहिर किया। उन्होंने कहा कि 11 किलो वजन घटने और स्वास्थ्य बिगड़ने के बाद भी कुछ लोग उनके अनशन की पवित्रता और अनशन तोड़ने के कारणों पर सवाल उठाकर उन्हें ट्रोल कर रहे हैं, जो बेहद निराशाजनक है।
📢 हमारे अन्य प्लेटफॉर्म से जुड़ें:
📞 खबरों व विज्ञापन के लिए संपर्क करें:
9977238238, 9977290137







